(SHANI DEV KE 108 NAAM,BENEFITS, RITUALS, NIYAM

Table of Contents

शनि देव के 108 नाम शनि देव के नाम के लाभ, नियम, अनुष्ठान और सम्पूर्ण जानकारी (SHANI DEV NAAM KE BENEFITS, RITUALS, NIYAM

शनि देव कौन हैं?

शनि देव हिन्दू धर्म के एक प्रमुख देवता हैं जो कर्म के न्यायाधीश माने जाते हैं। वे सूर्य देव और छाया माता के पुत्र हैं। उन्हें न्याय का देवता और दंडनायक भी कहा जाता है। उनका वाहन कौवा होता है और वे शनिदेव को धीमी गति से चलने वाला ग्रह माना जाता है।

शनि देव के नाम का जप – लाभ (Benefits of Chanting Shani Dev’s Name):

लाभ

विवरण

1. कर्मों का शुद्धिकरण

शनि देव के नाम का जप आपके बुरे कर्मों के प्रभाव को कम करता है।

2. न्याय प्राप्ति

यदि जीवन में अन्याय हो रहा हो, तो शनिदेव के नाम का जप न्याय दिला सकता है।

3. शनि दोष शांति

शनि साढ़ेसाती, ढैय्या या महादशा के प्रभाव को कम करता है।

4. रोग-शोक से मुक्ति

लंबे समय से चल रही बीमारियों और मानसिक कष्टों से राहत मिलती है।

5. व्यापार व नौकरी में सफलता

नौकरी, प्रमोशन या व्यापार में बाधाएँ दूर होती हैं।

6. सुरक्षा और स्थिरता

बुरी नजर, तंत्र-मंत्र और नकारात्मक ऊर्जा से रक्षा होती है।

शनि देव नाम मंत्र (Shani Dev Naam Mantra)

  • ॐ शं शनैश्चराय नमः

     

  • ॐ नीलांजनसमाभासं रविपुत्रं यमाग्रजम्।
    छायामार्तण्डसम्भूतं तं नमामि शनैश्चरम्॥

     

📿 इन मंत्रों का 108 बार जप प्रतिदिन शनिवार को करें।

अनुष्ठान (Rituals) – शनिदेव की कृपा पाने के लिए

  1. शनिवार व्रत रखें – दिनभर उपवास करके शाम को शनि देव की पूजा करें।

     

  2. काले तिल और तेल चढ़ाएंशनि मंदिर में सरसों का तेल और काले तिल चढ़ाएं।

     

  3. कौवे को भोजन दें – शनिवार को रोटी या चावल पर तेल लगाकर कौवे को खिलाएं।

     

  4. लोहे का दान करें – लोहे के बर्तन या लोहे से बनी वस्तुएँ दान करें।

     

शनि चालीसा या शनि स्तोत्र का पाठ करें – नियमित रूप से शनिवार को पाठ करें।

नियम (Niyam) – शनि देव की पूजा करते समय

नियम

विवरण

1. सच्चाई और संयम

झूठ, धोखा और अधर्म से बचें, क्योंकि शनि देव न्यायप्रिय हैं।

2. स्वच्छता रखें

शनि पूजा करते समय शरीर और मन की शुद्धता ज़रूरी है।

3. काले वस्त्र पहनें

शनिवार को काले या नीले वस्त्र पहनकर पूजा करना शुभ होता है।

4. पूजा का समय

शनिवार को सूर्यास्त के समय या सूर्योदय के बाद करें।

5. हनुमान जी की पूजा करें

हनुमान जी की पूजा करने से शनि के दुष्प्रभाव से रक्षा होती है।

शनि देव को प्रिय वस्तुएँ (Things Loved by Shani Dev)

  • काले तिल

     

  • सरसों का तेल

     

  • काले कपड़े

     

  • काला उड़द

     

  • नीले फूल

     

  • लोहे की वस्तुएँ

     

कौवा (उनका वाहन)

विशेष टिप्स शनिदेव की कृपा के लिए

  • ज़ुर्गों और गरीबों की सेवा करें।

     

  • मजदूरों को जल और भोजन दें।

     

  • अंधविश्वास न फैलाएं, कर्म को सुधारें।

     

  • शनिवार को मांस, मदिरा, प्याज-लहसुन का सेवन न करें।

     

SHANI DEN KE 108 NAAM

क्र.सं.

संस्कृत नाम

मंत्र

अर्थ

    

1

शनैश्चर

ॐ शनैश्चराय नमः ।

धीरे धीरे चलने वाला

2

शान्त

ॐ शान्ताय नमः ।

शांत रहने वाला

3

सर्वाभीष्टप्रदायिन्

ॐ सर्वाभीष्टप्रदायिने नमः ।

सभी इच्छाओं को पूरा करने वाला

4

शरण्य

ॐ शरण्याय नमः ।

रक्षा करने वाला

5

वरेण्य

ॐ वरेण्याय नमः ।

सबसे उत्कृष्ट

6

सर्वेश

ॐ सर्वेशाय नमः ।

सारे जगत के देवता

7

सौम्य

ॐ सौम्याय नमः ।

नरम स्वभाव वाले

8

सुरवन्द्य

ॐ सुरवन्द्याय नमः ।

सबसे पूजनीय

9

सुरलोकविहारिण्

ॐ सुरलोकविहारिणे नमः ।

सुरह्स की दुनिया में भटकने वाले

10

सुखासनोपविष्ट

ॐ सुखासनोपविष्टाय नमः ।

घात लगा के बैठने वाले

11

सुन्दर

ॐ सुन्दराय नमः ।

बहुत ही सुंदर

12

घन 

ॐ घनाय नमः ।

बहुत मजबूत

13

घनरूप 

ॐ घनरूपाय नमः ।

कठोर रूप वाले

14

घनाभरणधारिण् 

ॐ घनाभरणधारिणे नमः ।

लोहे के आभूषण पहनने वाले

15

घनसारविलेप 

ॐ घनसारविलेपाय नमः ।

कपूर के साथ अभिषेक करने वाले

16

खद्योत 

ॐ खद्योताय नमः ।

आकाश की रोशनी

17

मन्द 

ॐ मन्दाय नमः ।

धीमी गति वाले

18

मन्दचेष्ट 

ॐ मन्दचेष्टाय नमः ।

धीरे से घूमने वाले

19

महनीयगुणात्मन् 

ॐ महनीयगुणात्मने नमः ।

शानदार गुणों वाला

20

मर्त्यपावनपद 

ॐ मर्त्यपावनपदाय नमः ।

जिनके चरण पूजनीय हो

21

महेश 

ॐ महेशाय नमः ।

देवो के देव

22

छायापुत्र 

ॐ छायापुत्राय नमः ।

छाया का बेटा

23

शर्व 

ॐ शर्वाय नमः ।

पीड़ा देना वेला

24

शततूणीरधारिण् 

ॐ शरतूणीरधारिणे नमः ।

सौ तीरों को धारण करने वाले

25

चरस्थिरस्वभाव 

ॐ चरस्थिरस्वभावाय नमः ।

बराबर या व्यवस्थित रूप से चलने वाले

26

अचञ्चल 

ॐ चञ्चलाय नमः ।

कभी ना हिलने वाले

27

नीलवर्ण 

ॐ नीलवर्णाय नमः ।

नीले रंग वाले

28

नित्य 

ॐ नित्याय नमः ।

अनन्त एक काल तक रहने वाले

29

नीलाञ्जननिभ 

ॐ नीलाञ्जननिभाय नमः ।

नीला रोगन में दिखने वाले

30

नीलाम्बरविभूशण 

ॐ नीलाम्बरविभूषाय नमः ।

नीले परिधान में सजने वाले

31

निश्चल 

ॐ निश्चलाय नमः ।

अटल रहने वाले

32

वेद्य 

ॐ वेद्याय नमः ।

सब कुछ जानने वाले

33

विधिरूप 

ॐ विधिरूपाय नमः ।

पवित्र उपदेशों देने वाले

34

विरोधाधारभूमी 

ॐ विरोधाधारभूमये नमः ।

जमीन की बाधाओं का समर्थन करने वाला

35

भेदास्पदस्वभाव 

ॐ भेदास्पदस्वभावाय नमः ।

प्रकृति का पृथक्करण करने वाला

36

वज्रदेह 

ॐ वज्रदेहाय नमः ।

वज्र के शरीर वाला

37

वैराग्यद 

ॐ वैराग्यदाय नमः ।

वैराग्य के दाता

38

वीर 

ॐ वीराय नमः ।

अधिक शक्तिशाली

39

वीतरोगभय 

ॐ वीतरोगभयाय नमः ।

डर और रोगों से मुक्त रहने वाले

40

विपत्परम्परेश 

ॐ विपत्परम्परेशाय नमः ।

दुर्भाग्य के देवता

41

विश्ववन्द्य 

ॐ विश्ववन्द्याय नमः ।

सबके द्वारा पूजे जाने वाले

42

गृध्नवाह 

ॐ गृध्नवाहाय नमः ।

गिद्ध की सवारी करने वाले

43

गूढ 

ॐ गूढाय नमः ।

छुपा हुआ

44

कूर्माङ्ग 

ॐ कूर्माङ्गाय नमः ।

कछुए जैसे शरीर वाले

45

कुरूपिण् 

ॐ कुरूपिणे नमः ।

असाधारण रूप वाले

46

कुत्सित 

ॐ कुत्सिताय नमः ।

तुच्छ रूप वाले

47

गुणाढ्य 

ॐ गुणाढ्याय नमः ।

भरपूर गुणों वाला

48

गोचर 

ॐ गोचराय नमः ।

हर क्षेत्र पर नजर रखने वाले

49

अविद्यामूलनाश 

ॐ अविद्यामूलनाशाय नमः ।

अनदेखा करने वालो का नाश करने वाला

50

विद्याविद्यास्वरूपिण् 

ॐ विद्याऽविद्यास्वरूपिणे नमः ।

ज्ञान करने वाला और अनदेखा करने वाला

51

आयुष्यकारण 

ॐ आयुष्यकारणाय नमः ।

लम्बा जीवन देने वाला

52

आपदुद्धर्त्र 

ॐ आपदुद्धर्त्रे नमः ।

दुर्भाग्य को दूर करने वाले

53

विष्णुभक्त 

ॐ विष्णुभक्ताय नमः ।

विष्णु के भक्त

54

वशिन् 

ॐ वशिने नमः ।

स्व-नियंत्रित करने वाले

55

विविधागमवेदिन् 

ॐ विविधागमवेदिने नमः ।

कई शास्त्रों का ज्ञान रखने वाले

56

विधिस्तुत्य 

ॐ विधिस्तुत्याय नमः ।

पवित्र मन से पूजा जाने वाला

57

वन्द्य 

ॐ वन्द्याय नमः ।

पूजनीय

58

विरूपाक्ष 

ॐ विरूपाक्षाय नमः ।

कई नेत्रों वाला

59

वरिष्ठ 

ॐ वरिष्ठाय नमः ।

उत्कृष्ट

60

गरिष्ठ 

ॐ गरिष्ठाय नमः ।

आदरणीय देव

61

वज्राङ्कुशधर 

ॐ वज्राङ्कुशधराय नमः ।

वज्र

62

वरदाभयहस्त 

ॐ वरदाभयहस्ताय नमः ।

भय को दूर भगाने वाले

63

वामन 

ॐ वामनाय नमः ।

(बौना ) छोटे कद वाला

64

ज्येष्ठापत्नीसमेत 

ॐ ज्येष्ठापत्नीसमेताय नमः ।

जिसकी पत्नी ज्येष्ठ हो

65

श्रेष्ठ 

ॐ श्रेष्ठाय नमः ।

सबसे उच्च

66

मितभाषिण् 

ॐ मितभाषिणे नमः ।

कम बोलने वाले

67

कष्टौघनाशकर्त्र 

ॐ कष्टौघनाशकाय नमः ।

कष्टों को दूर करने वाले

68

पुष्टिद 

ॐ पुष्टिदाय नमः ।

सौभाग्य के दाता

69

स्तुत्य 

ॐ स्तुत्याय नमः ।

स्तुति करने योग्य

70

स्तोत्रगम्य 

ॐ स्तोत्रगम्याय नमः ।

स्तुति के भजन के माध्यम से लाभ देने वाले

71

भक्तिवश्य 

ॐ भक्तिवश्याय नमः ।

भक्ति द्वारा वश में आने वाला

72

भानु 

ॐ भानवे नमः ।

तेजस्वी

73

भानुपुत्र 

ॐ भानुपुत्राय नमः ।

भानु के पुत्र

74

भव्य 

ॐ भव्याय नमः ।

आकर्षक

75

पावन 

ॐ पावनाय नमः ।

पवित्र

76

धनुर्मण्डलसंस्था 

ॐ धनुर्मण्डलसंस्थाय नमः ।

धनुमंडल में रहने वाले

77

धनदा 

ॐ धनदाय नमः ।

धन के दाता

78

धनुष्मत् 

ॐ धनुष्मते नमः ।

विशेष आकार वाले

79

तनुप्रकाशदेह 

ॐ तनुप्रकाशदेहाय नमः ।

तन को प्रकाश देने वाले

80

तामस 

ॐ तामसाय नमः ।

ताम गुण वाले

81

अशेषजनवन्द्य 

ॐ अशेषजनवन्द्याय नमः ।

सभी सजीव द्वारा पूजनीय

82

विशेषफलदायिन् 

ॐ विशेषफलदायिने नमः ।

विशेष फल देने वाले

83

वशीकृतजनेश 

ॐ वशीकृतजनेशाय नमः ।

सभी मनुष्यों के देवता

84

पशूनां पति 

ॐ पशूनां पतये नमः ।

जानवरों के देवता

85

खेचर 

ॐ खेचराय नमः ।

आसमान में घूमने वाले

86

खगेशाय

ॐ खगेशाय नमः ।

रोग नाशक

87

घननीलाम्बर 

ॐ घननीलाम्बराय नमः ।

गाढ़ा नीला वस्त्र पहनने वाले

88

काठिन्यमानस 

ॐ काठिन्यमानसाय नमः ।

निष्ठुर स्वभाव वाले

89

आर्यगणस्तुत्य 

ॐ आर्यगणस्तुत्याय नमः ।

आर्य द्वारा पूजे जाने वाले

90

नीलच्छत्र 

ॐ नीलच्छत्राय नमः ।

नीली छतरी वाले

91

नित्य 

ॐ नित्याय नमः ।

लगातार

92

निर्गुण 

ॐ निर्गुणाय नमः ।

बिना गुण वाले

93

गुणात्मन् 

ॐ गुणात्मने नमः ।

गुणों से युक्त

94

निरामय 

ॐ निरामयाय नमः ।

रोग से दूर रहने वाला

95

निन्द्य 

ॐ निन्द्याय नमः ।

निंदा करने वाले

96

वन्दनीय 

ॐ वन्दनीयाय नमः ।

वन्दना करने योग्य

97

धीर 

ॐ धीराय नमः ।

दृढ़निश्चयी

98

दिव्यदेह 

ॐ दिव्यदेहाय नमः ।

दिव्य शरीर वाले

99

दीनार्तिहरण 

ॐ दीनार्तिहरणाय नमः ।

संकट दूर करने वाले

100

दैन्यनाशकराय 

ॐ दैन्यनाशकराय नमः ।

दुख का नाश करने वाला

101

आर्यजनगण्य 

ॐ आर्यजनगण्याय नमः ।

आर्य के लोग

102

क्रूर 

ॐ क्रूराय नमः ।

कठोर स्वभाव वाले

103

क्रूरचेष्ट 

ॐ क्रूरचेष्टाय नमः ।

कठोरता से दंड देने वाले

104

कामक्रोधकर 

ॐ कामक्रोधकराय नमः ।

काम और क्रोध का दाता

105

कलत्रपुत्रशत्रुत्वकारण 

ॐ कलत्रपुत्रशत्रुत्वकारणाय नमः ।

पत्नी और बेटे की दुश्मनी

106

परिपोषितभक्त 

ॐ परिपोषितभक्ताय नमः ।

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परभीतिहर 

ॐ परभीतिहराय नमः ।

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